पीड़ित के अनुसार, उसने पंजाब के पठानकोट स्थित ब्राइड स्टेप सर्विस नामक एक एजेंसी से संपर्क किया। एजेंट ने वेबसाइट और व्हाट्सएप के जरिए उसे झांसा दिया और पैसे मांगे। बदले में युवक को कनाडा की वेबली कॉर्पोरेशन कंपनी का फर्जी वर्क वीजा, ऑफर लेटर और दूतावास के नाम से तैयार फर्जी दस्तावेज थमा दिए गए।
युवक का कहना है कि जालसाजों ने पैसे निकालने के लिए अलग-अलग बैंक खातों का इस्तेमाल किया। बताया जा रहा है कि इसमें मेहंगा सिंह, बिरदविंदर सिंह, राहुल कुमार, बिट्टू सिंह, सुरिंदर सिंह और कुलविंदर सिंह के खाते शामिल हैं। पीड़ित ने पुलिस को एजेंट का नाम, मोबाइल नंबर और बैंक डिटेल उपलब्ध करा दी है। इस मामले में डीआईजी के आदेश पर साइबर क्राइम थाना पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस अब बताए गए नामों और खातों की गहन जांच कर रही है।

