बांदा : आवारा कुत्तों के झुंड ने 4 साल के बच्चे को नोच-नोच कर मार डाला। बच्चा अपने पिता के साथ बिस्कुट लेने दुकान पर गया था। पिता दुकान पर ही रुक गया और अपने बेटे को घर भेज दिया। रास्ते में 4-5 आवारा कुत्तों के झुंड ने बच्चे को घेर लिया और हमला कर उसे नोचने लगे। उसे ज़मीन पर घसीटते हुए ले जाया गया और बच्चे ने तड़प-तड़प कर दम तोड़ दिया। घटना के बाद से पूरा गाँव खूंखार कुत्तों के खौफ में है।
घटना बुधवार शाम गिरवां थाना क्षेत्र के पथरहा गाँव की है। पंकज कुशवाहा अपने परिवार के साथ गिरवां थाना क्षेत्र के पथरहा गाँव में रहते हैं। पंकज अपने 4 साल के बेटे के साथ घर से कुछ दूर गाँव में ही एक दुकान पर बिस्कुट लेने गए थे। बिस्कुट लेने के बाद उन्होंने बेटे को घर भेज दिया। लेकिन कुछ देर बाद जब वह खुद घर पहुँचे तो उसका बच्चा वहाँ नहीं था। घर से कुछ दूर लोगों की भीड़ जमा हो गई थी।
पंकज ने पास जाकर देखा तो उसका मासूम बेटा कृष्णा खून से लथपथ हालत में पड़ा था। हाथ और गर्दन पर काटने के गंभीर निशान थे। गर्दन से मांस नोचा हुआ था। पंकज और ग्रामीणों ने आनन-फानन में बच्चे को अस्पताल पहुंचाया। उसकी गंभीर हालत देखते हुए उसे मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया। वहां पहुंचने पर डॉक्टरों ने उस बच्चे को मृत घोषित कर दिया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
मृतक बच्चे के पिता पंकज कुशवाहा ने बताया कि मैं दुकान पर 5 मिनट के लिए रुका था। जब वापस आया तो पता चला कि मेरे बच्चे पर चार-पांच कुत्तों ने हमला कर दिया। उसकी गर्दन का मांस नोच लिया गया था, जिससे उसकी मौत हो गई। पंकज ने बताया कि कुत्ते मेरे बेटे को काफी देर तक सड़क पर घसीटते रहे। वहीं, घटना के बाद पुलिस प्रशासन का कोई भी अधिकारी मौके पर नहीं आया।
पंकज ने बताया कि मेरा बेटा 4 बहनों के बाद सबसे छोटा और इकलौता बच्चा था।सीओ सौरभ सिंह ने बताया कि पथरहा गांव में कुत्तों के काटने से 4 साल के मासूम बच्चे की दुखद मौत हो गई है। बच्चे के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और आगे की कार्रवाई की जा रही है।

