सहारनपुर : सहारनपुर में उत्तर भारत के कई हिस्सों की तरह मंगलवार से हो रही रुक-रुक कर बेमौसम बारिश ने जहां लोगों को गर्मी से राहत दी है, वहीं किसानों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। ऐसा प्रतीत हो रहा है कि प्रकृति की मार सबसे ज्यादा किसानों पर ही पड़ रही है। बीते दो दिनों में हुई बारिश के चलते पकी हुई गेहूं की फसल को भारी नुकसान पहुंचा है।
पश्चिमी उत्तर प्रदेश में लगभग 30 फीसदी गेहूं की कटाई पहले ही हो चुकी है और फसल खेतों में पड़ी हुई है। लगातार बारिश के कारण यह गेहूं भीग गया है, जिससे उसके खराब होने का खतरा बढ़ गया है। वहीं खड़ी फसल वाले खेतों में पानी भर जाने से कटाई का काम भी रुक गया है।
किसानों का कहना है कि जैसे ही उन्होंने कटाई शुरू की, अचानक मौसम ने करवट ले ली और बारिश शुरू हो गई। खेतों में पड़ी फसल भीगने से बर्बादी का डर सता रहा है। इससे उनकी मेहनत पर पानी फिरता नजर आ रहा है और आर्थिक संकट गहराने की आशंका है।
किसानों ने चिंता जताते हुए कहा कि अगर फसल खराब हो गई, तो कर्ज की भरपाई करना मुश्किल हो जाएगा। उन्होंने सरकार से जल्द सर्वे कराकर नुकसान का आकलन करने और उचित मुआवजा देने की मांग की है।

