कुरुक्षेत्र : मुख्यमंत्री नायब सैनी ने अवैध कॉलोनियों को वैध करने का फैसला लिया, जिलों से मिली रिपोर्ट के बाद लिया गया है। ये सभी कॉलोनियां शहरी स्थानीय निकायों की सीमा से बाहर हैं, लेकिन नगर एवं ग्राम नियोजन विभाग के दायरे में आती हैं। ऐसे में नगर एवं ग्राम नियोजन विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव अपूर्व कुमार सिंह द्वारा गुरुवार को इन कॉलोनियों को नियमित करने की अधिसूचना जारी की गई। चरखी दादरी जिले के भैरवी में 7.17 एकड़ क्षेत्र में बनी एक गुमनाम कॉलोनी को नियमित घोषित किया गया है।
इन तीनों कॉलोनियों का क्षेत्रफल लगभग 20 एकड़ है। सरकार ने रेवाड़ी जिले के चांदपुर स्थित सरस्वती विहार को नियमित घोषित किया है। यह क्षेत्रफल साढ़े 28 एकड़ से ज़्यादा है। इसी तरह, सरकार ने झज्जर के सराय औरंगाबाद स्थित जेबीजी बिल्डकॉन और शांति विहार को भी वैध घोषित कर दिया है। इसी तरह दादरी के ढाणी फौगाट के प्रेम नगर को वैध घोषित किया गया है।
ढाणी फौगाट का क्षेत्रफल लगभग 36 एकड़ में फैला हुआ है। गोहाना की एकता कॉलोनी और देवीपुरा कॉलोनी एक्सटेंशन के साथ-साथ सोनीपत के बैंयापुर स्थित मोहन नगर कॉलोनी और हरसाना कलां की रोज़ वैली स्कूल कॉलोनी को नियमित किया गया है। इनका क्षेत्रफल लगभग ढाई एकड़ है। ज़िला स्तरीय जाँच समिति की रिपोर्ट के बाद यह फ़ैसला लिया गया है। कॉलोनियों के वैध घोषित होने के बाद अब इनमें संपत्ति की ख़रीद-फ़रोख़्त हो सकेगी।

