आपको बता दें कि रविवार की रात में शुरू हुई बारिश थमने का नाम नहीं ले रही है। जहां पहाड़ी इलाकों में लगातार बारिश हो रही है वहीं बादल मैदानी इलाकों में रुक रुक कर बरस रहे हैं। शिवालिक की पहाड़ियों में हुई बारिश का पानी मैदानी इलाकों में आफत बना हुआ है। बरसाती नदियां उफान पर हैं। आलम यह है कि जाटोवाला क्षेत्र में नदी का पानी तेजी से बढ़ने के कारण सड़कें जलमग्न हो गई हैं। कई स्थानों पर पानी सड़क के ऊपर से तेज बहाव के साथ गुजर रहा है। नदी के तेज बहाव से पुल को भी नुकसान पहुंचा है, जिससे ग्रामीणों की चिंता बढ़ गई है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि बारिश इसी तरह जारी रही और नदी का जलस्तर और बढ़ा तो आसपास के गांवों में पानी घुस सकता है। कई गाँवों का सम्पर्क जिला मुख्यालय और तहसील से पहले ही टूट चुका है। महमूदपुर, असगरपुर और जाटोवाला समेत कई गांवों पर इसका असर पड़ने की आशंका है।
ग्रामीण राशिद प्रधान, मोहम्मद उस्मान, अनीस, रोबिन, मुंसद, शौकीन और अब्दुल आदि ने बताया कि पिछले वर्ष भी बरसाती पानी गांव के अंदर तक पहुंच गया था। इस बार भी नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ने से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। बताया जा रहा है कि जाटोवाला स्थित निर्माणाधीन स्पोर्ट्स कॉलेज की ओर जाने वाले पुल के नीचे पानी की निकासी के लिए बनाए गए पाइपों में कचरा फंस गया है। इसके चलते पानी की निकासी प्रभावित हुई और गांगरोह नदी का पानी आसपास के इलाकों में फैल गया। पानी असगरपुर और महमूदपुर गांवों तक पहुंच गया। कई किसानों के खेत और आम-लीची के बाग भी पानी में डूब गए हैं। इससे किसानों को फसलों और बागवानी को नुकसान होने की आशंका बन गई है। निर्माणाधीन स्पोर्ट्स कॉलेज परिसर में भी पानी पहुंचने की सुचना मिल रही है।
वहीं शाकम्भरी देवी खोल में आयी बाढ़ का पानी नदी किनारे प्रसाद, खिलौनों और अन्य सामान की दुकानों में भी घुस गया। अचानक पानी का बहाव बढ़ने से दुकानदारों में अफरा-तफरी मच गई। दुकानदारों ने आनन-फानन में सामान सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की कोशिश की, लेकिन कई दुकानों में पानी भरने से सामान के नुकसान की बात सामने आई है। बारिश का असर सहारनपुर-विकासनगर हाईवे पर भी दिखाई दिया। मिर्जापुर क्षेत्र में शाहपुर गाड़ा, पाडली और नौगांवा समेत कई बरसाती नदियां उफान पर आ गईं। इन नदियों का पानी हाईवे तक पहुंच गया, जिससे यातायात प्रभावित हुआ। आसपास के निचले इलाकों में भी पानी भरने से ग्रामीणों को परेशानी का सामना करना पड़ा। कुछ स्थानों पर बरसाती पानी लोगों के घरों तक पहुंच गया।
घाड़ क्षेत्र में बरसात के दिनों में शिवालिक पहाड़ियों से आने वाला पानी कई नदियों और बरसाती नालों का जलस्तर अचानक बढ़ा देता है। हर वर्ष स्पोर्ट्स कॉलेज के पास स्थित नदी में भी पानी का तेज बहाव देखने को मिलता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि प्रशासनिक अधिकारी समय-समय पर स्पोर्ट्स कॉलेज और आसपास के इलाकों का निरीक्षण करते हैं, लेकिन जल निकासी की समस्या का स्थायी समाधान अभी तक नहीं हो पाया है। फिलहाल नदी में तेज बहाव और लगातार बारिश के चलते ग्रामीणों में दहशत बनी हुई है। लोगों ने प्रशासन से जल निकासी की तत्काल व्यवस्था कराने और गांवों को बाढ़ के खतरे से बचाने के लिए प्रभावी कदम उठाने की मांग की है।

