अमरोहा : उत्तर प्रदेश के अमरोहा जिले में एक ही युवक से तीन बहनों की शादी का मामला सामने आने के बाद अब नया विवाद खड़ा हो गया है। सोशल मीडिया पर वायरल हुए इस अनोखे विवाह के वीडियो के बाद अब तीनों में से एक युवती के नाबालिग होने का दावा किया जा रहा है। हाईस्कूल की कथित मार्कशीट सामने आने के बाद बाल कल्याण समिति (CWC) और पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के मुताबिक, मामला हसनपुर कोतवाली क्षेत्र के धोरिया गांव से जुड़ा है। बताया जा रहा है कि दो सगी बहनें अलका और देविका तथा उनकी मौसेरी बहन पिछले कुछ समय से एक साथ रह रही थीं। तीनों सोशल मीडिया और यूट्यूब पर कॉमेडी और मनोरंजन से जुड़े वीडियो बनाती हैं। दावा है कि उनके यूट्यूब चैनल पर चार लाख से ज्यादा फॉलोअर्स हैं।
17 जुलाई को तीनों युवतियों ने अपने कैमरामैन के साथ एक मंदिर में शादी करने का दावा किया था। शादी का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ, जिसके बाद यह मामला चर्चा में आ गया। वीडियो में तीनों युवतियों ने एक ही युवक के साथ विवाह करने की बात कही। उन्होंने दावा किया कि यह शादी उनकी मर्जी से हुई है।
हालांकि, विवाद तब बढ़ गया जब तीनों में से एक युवती की हाईस्कूल की कथित मार्कशीट सोशल मीडिया पर सामने आई। मार्कशीट के आधार पर उसकी उम्र करीब 15 वर्ष होने का दावा किया जा रहा है। यदि दस्तावेजों और जांच में उसकी नाबालिग होने की पुष्टि होती है, तो मामला कानूनी रूप से गंभीर हो सकता है।
मामले की जानकारी मिलने के बाद अमरोहा बाल कल्याण समिति ने स्वतः संज्ञान लेते हुए नोटिस जारी किया है। CWC के अध्यक्ष अतुलेश भारद्वाज के मुताबिक, नाबालिग की शादी की सूचना मिलने के बाद समिति ने मामले को संज्ञान में लिया है। जांच के बाद तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
वहीं, पुलिस भी सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो और उपलब्ध दस्तावेजों के आधार पर जांच कर रही है। अपर पुलिस अधीक्षक अखिलेश कुमार भदौरिया ने बताया कि मामला संज्ञान में है और जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर विधिक कार्रवाई की जाएगी।
इधर, सोशल मीडिया पर लगातार हो रही आलोचना के बीच तीनों बहनों ने वीडियो जारी कर अपना पक्ष रखा है। उन्होंने कहा कि उन्होंने अपनी इच्छा से शादी की है। अब पूरे मामले की सच्चाई जांच रिपोर्ट के सामने आने के बाद ही स्पष्ट होगी। अगर युवती के नाबालिग होने की पुष्टि होती है, तो यह मामला केवल सोशल मीडिया की चर्चा नहीं रहेगा, बल्कि कानूनी कार्रवाई का विषय भी बन सकता है।

