10 रुपये की कथित चोरी का आरोप, डांट और मारपीट से परेशान चौथी कक्षा की छात्रा ने दी जान

Class 4 Student Suicide,

मुजफ्फरनगर : उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जिले के नई मंडी थाना क्षेत्र से एक बेहद दर्दनाक और झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। पचेंदा कलां गांव में चौथी कक्षा में पढ़ने वाली 10 वर्षीय छात्रा की मौत के बाद परिवार में कोहराम मचा हुआ है। परिजनों का आरोप है कि स्कूल में 10 रुपये की कथित चोरी के आरोप में बच्ची को डांटा और उसके साथ मारपीट की गई, जिससे वह मानसिक रूप से बेहद परेशान हो गई थी। पुलिस ने परिजनों की तहरीर पर दो शिक्षकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।

जानकारी के मुताबिक, पचेंदा कलां गांव निवासी 42 वर्षीय अशोक अपनी पत्नी ज्योति और पांच बेटियों के साथ रहते हैं। दोनों पति-पत्नी घरों में खाना बनाने का काम करके परिवार का पालन-पोषण करते हैं। उनकी 10 वर्षीय बेटी आयुषी गांव के प्राथमिक विद्यालय में कक्षा चार की छात्रा थी।

परिजनों के अनुसार, बुधवार दोपहर उन्हें स्कूल के शिक्षक रवि कुमार का फोन आया। कथित तौर पर उन्हें बताया गया कि आयुषी ने स्कूल में एक शिक्षिका के पर्स से 10 रुपये निकाल लिए हैं। सूचना मिलने के बाद परिवार के लोग स्कूल पहुंचे। इसी दौरान परिजनों को बच्ची के साथ कथित तौर पर डांट-फटकार और मारपीट किए जाने की जानकारी मिली।

परिजनों का आरोप है कि उन्हें इस बात की जानकारी नहीं है कि बच्ची ने वास्तव में पैसे लिए थे या नहीं, लेकिन स्कूल में उसके साथ कथित व्यवहार से वह मानसिक रूप से परेशान हो गई थी। बाद में जब पिता घर पहुंचे तो उन्होंने अपनी बेटी को फंदे से लटका हुआ पाया। आनन-फानन में परिवार में चीख-पुकार मच गई।

घटना के बाद पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। आयुषी के निधन से उसके परिवार के साथ-साथ उसे जानने वाले लोग भी सदमे में हैं। गांव में रेसलिंग का प्रशिक्षण देने वाली कोच मोनिका सिंह ने बताया कि आयुषी एक प्रतिभाशाली और मेहनती बच्ची थी। वह नियमित रूप से अखाड़े में अभ्यास करती थी और भविष्य में रेसलर बनना चाहती थी। उसकी असमय मौत ने सभी को गहरा दुख पहुंचाया है।

मामले को लेकर सीओ नई मंडी सुनील कुमार ने बताया कि 22 जुलाई को मृतका के पिता अशोक की ओर से दो शिक्षकों के खिलाफ तहरीर दी गई थी। तहरीर के आधार पर संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

फिलहाल पुलिस की जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि बच्ची की मौत से पहले स्कूल में वास्तव में क्या हुआ था और लगाए गए आरोपों में कितनी सच्चाई है। घटना ने एक बार फिर बच्चों के साथ स्कूलों में होने वाले व्यवहार और उनके मानसिक स्वास्थ्य को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

नोट: अगर आपको यह खबर पसंद आई तो इसे शेयर करना न भूलें, देश-विदेश से जुड़ी ताजा अपडेट पाने के लिए कृपया NPR BHARAT NEWS के Facebook पेज को LikeTwitter पर Follow करना न भूलें...

Related posts